Tuesday, October 20, 2015

dadri and communal politics

रामपुर के ‘कूप’ गांव के बेगुनाह हिन्दू राजपूत युवक की हत्या पर जवाब दे आजम खान और यूपी की अखिलेश यादव सरकार-----------
मिडिया और सेकुलर पार्टियाँ जहाँ अभी तक दादरी के बिसहाडा काण्ड पर ही अपनी छाती पीट रहें हैं और बीजेपी भी बैकफुट पर नजर आ रही है,एक छोटी सी घटना पर पूरे विश्व में हल्ला मचाया जाता है यूपी की अखिलेश सरकार भी धर्म के आधार पर मुवावजा देने में भेदभाव करती है,जहाँ इखलाख के परिवार को तमाम सुविधाएँ और 45 लाख का मुवावजा दिया जाता है वहीं कोई हिन्दू ऐसी घटनाओं में मारा जाए तो उसकी सुध लेने वाला कोई नही है और हत्यारे सत्ताधारी नेताओं के संरक्ष्ण में खुले घुमते हैं,ऐसी ही कुछ समय पूर्व एक लोमहर्षक घटना में ,यूपी के रामपुर जिले जो आजम खान का गढ़ है वहां एक राजपूत युवक को दिनदहाड़े अल्पसंख्यक समुदाय के सत्ता का संरक्ष्ण प्राप्त गुंडों द्वारा हत्या कर दी गयी है.....
UP के रामपुर (जहाँ से आज़म खान हैं)के कूप गाँव में वहां कुछ जानवर, मुस्लिम के खेत में घुस गए
ये जानवर हिन्दू राजपूत परिवार के थे, जितेंद्र व उसका साथी जब अपने मवेशियों को पकड़ने आया तो मोहम्मद अल्ताफ, उमर तथा मोहम्मद इस्तिकाम व अन्य 2 मुस्लिमो ने जितेंद्र सिंह व् उसके साथी को बुरी तरह मारा और दोनों को घायल कर दिया उनके ट्रेक्टर को भी तोड़ फोड़ दिया.....
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इतने से मुस्लिम समुदाय का जी नहीं भरा, शाम को मुस्लिमो की पूरी भीड़ ने जितेंद्र के घर पर हमला कर दिया
मुस्लिम भीड़ ने मस्जिद से पास के मंदिर पर गोली चलाई जिसमे संजू राठौर नाम का 15 साल का बच्चा मर गया
संजू राठौर के पिता महेंद्र राठौर ने बताया की मुस्लिमो को पास की मस्जिद से लाउड स्पीकर पर हिन्दुओ पर हमला करने को कहा गया जिसके बाद शाम को मुस्लिमो की पूरी भीड़ आ गयी और उनके बेटे संजू की हत्या
कर दी और गोलियां चलाई
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अब मित्रो दादरी पर रोने वाले सेक्युलर , तथा मीडिया इस घटना पर कैसे चुप है हमारे तो समझ नहीं आ रहा, कहाँ गयी मीडिया व सेक्युलरो की मानवता ?????????????????
क्या दादरी के बाद अब रामपुर पर भी डिबेट होगा या नहीं, क्या अब कोई अवार्ड लौटाएगा या नहीं????????????
अखिलेश यादव और आजम खान से सवाल-----
जब प्रतापगढ़ में सीओ जिया उल हक की भीड़ द्वारा हत्या हो गयी थी तो यह मानकर कि वहां राजा भैया का गढ़ है और हत्या में उन्हें ही आरोपी बना दिया गया था,और राजा भैया से तुरंत मंत्री पद से इस्तीफा ले लिया गया था वही ऐसी ही घटना में रामपुर जहाँ पत्ता तक भी नहीं हिलता बिना आजम खान की इजाजत के तो रामपुर के कूप गाँव की घटना के लिए आजम खान से इस्तीफा क्यों नही लिया जा रहा है???????????????
क्या सिर्फ इसलिए भेदभाव किया गया कि वहां मरने वाला हिन्दू राजपूत था और वहां मुस्लिम??????????
राजा भैया हिन्दू राजपूत थे तो उनसे निर्दोष होते हुए भी तुरंत इस्तीफा ले लिया वहीँ इतनी बड़ी घटना के बाद भी आजम खान के विरुद्ध कार्यवाही क्यों नहीं?????????/
अब इस घटना को वो मीडिया नहीं दिखा रही, सभी हिन्दू और राष्ट्रभक्त शेयर करो
मृतक संजू राठौर के परिवार को न्याय मिलने तक शेयर करो....